महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर से एक दर्दनाक घटना की जानकारी सामने आई है, जहां युवा ने iPhone के चलते जान दे दी. इसके बाद उसके पिता की भी जान चली गई और माता का भी निधन हो गया. अब सवाल आता है कि iPhone को लेकर लोगों में इतना क्रेज क्यों है. iPhone का क्रेज किसी से छिपा नहीं है. क्या आप जानते हैं कि इसकी दीवानगी की वजह से एक परिवार उजड़ गया. दरअसल, शुक्रवार को एक
Home Interior Design: घर को सुंदर बनाने के लिए बहुत से लोग लाखों रुपये खर्च करते हैं, लेकिन आप एक सिंपल सा काम करके अपने लाखों रुपये सेव कर सकते हैं. दरअसल, AI का इस्तेमाल करके अपने घर का इंटीरियर, कलर और सामान रखने की सही जगह का चुनाव कर सकते हैं. आइए इसके बारे में डिटेल्स में जानते हैं.Home Interior Design: घर को सुंदर बनाने के लिए बहुत से लोग लाखों रुपये खर्च करते हैं, लेकिन
SIM Card Rules change: कल यानी 24 अगस्त से सिम कार्ड को लेकर नियम में बदलाव होने जा रहा है. अगर कोई शख्स सिम खरीदने जा रहा है तो उसको न्यू सिम कनेक्शन देने से मना भी किया जा सकता है. दरअसल, अगर आपके पास पहले से निर्धारित कोटा के तहत 9 सिम खरीद चुके हैं, तो नई सिम को जारी नहीं किया जाएगा. आइए इसके बारे में डिटेल्स में जानते हैं.SIM Card Rules change: कल यानी 24 अगस्त से सिम कार्ड को
सैमसंग के स्मार्टफोन की कीमत में इजाफा हो गया है, जो Galaxy A सीरीज का हिस्सा है. इसमें Samsung Galaxy A57 और Samsung Galaxy A37 के नाम शामिल हैं. यहैं हैंडसेट की कीमत में मैक्सिमम 4800 रुपये का इजाफा हुआ है. सैमसंग के स्मार्टफोन की कीमत में इजाफा हुआ है, जिसके बाद गैलेक्सी A सीरीज के कुछ हैंडसेट की कीमतत में 4800 रुपये तक का इजाफा हुआ है. इस बदलाव में सैमसंग गैलेक्सी A सीरीज के
Sim card Rules change: भारत सरकार का दूरसंचार विभाग (DoT) SIM Card को लेकर सख्ती बरतने जा रहा है. 24 अगस्त से नियम सख्ती से लागू होगा, जिसमें एक शख्स तय नियम से अधिक सिम कार्ड को खरीद नहीं पाएंगे. सरकारी पोर्टल की मदद से आप खुद चेक कर सकेंगे कि आपके नाम पर कितने सिम कार्ड हैं.Sim card Rules change: भारत सरकार का दूरसंचार विभाग (DoT) SIM Card को लेकर सख्ती बरतने जा रहा है. 24 अगस्त से नियम सख्ती से
बिना कोडिंग जाने ही ऐप बना कर पैसे कमा सकते हैं आप, यहां जानें AI से ऐप बनाने का पूरा प्रोसेस

बिना कोडिंग जाने ही ऐप बना कर पैसे कमा सकते हैं आप, यहां जानें AI से ऐप बनाने का पूरा प्रोसेस
Vibe Coding के बारे में शायद अब तक आपने सुन रखा होगा. अगर नहीं सुना तो बता दें कि ये एक प्रोसेस है जिससे बिना प्रोग्रामिंग लैंग्वेज की जानकारी के आप एक वर्किंग ऐप तैयार कर सकते हैं और पैस भी कमा सकते हैं.
नोएडा की एक छोटी सी गली में रहने वाले 22 साल के रोहन का एक सपना था. एक ऐसा ऐप बनाने का सपना जो उसके शहर के छोटे-छोटे स्ट्रीट फूड वेंडर्स को ऑनलाइन ला सके. आइडिया शानदार था, लेकिन जब उसने इस बारे में पता किया तो उसके होश उड़ गए.
ऐप डेवलपर्स लाखों रुपये मांग रहे थे और कोडिंग सीखने में सालों लग जाते. रोहन जैसे लाखों युवा हर दिन अपने सपने को सिर्फ इसलिए दफन कर देते हैं क्योंकि उनके पास इंजीनियरिंग की डिग्री या लाखों का बजट नहीं होता. लेकिन अब, टेक्नोलॉजी की दुनिया में एक ऐसी सुनामी आई है जो इस पूरी तस्वीर को हमेशा के लिए बदलने वाली है.
पहले की तरह मुश्किल नहीं ऐप डेवेलपमेंट
यह सुनामी है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और 'नो-कोड' (No-Code) डेवेलपमेंट की. यह कोई मामूली अपडेट नहीं, यह एक क्रांति की तरह है. सोचिए, अब आपको अपना ऐप बनाने के लिए Java, Python, या Swift जैसी डरावनी लगने वाली प्रोग्रामिंग लैंग्वेज के जाल में फंसने की कोई जरूरत नहीं है. AI आपका पर्सनल इंजीनियर, आपका डिजाइनर और आपका डेवेलपर, सब कुछ बनने के लिए तैयार है. बस आपको थोड़ा सब्र चाहिए और बढ़िया AI टूल्स की बेसिक सब्सक्रिप्शन.
इस कड़ी में हम आपको नो कोड और लो कोड ऐप डेवेलपमेंट के बारे में बता रहे हैं. अगली कड़ी में फुल स्केल ऐप बनाने के ट्रेडिशनल तरीकों के बारे में बताएंगे. क्योंकि ट्रेडिशनल तरीकों में आम तौर पर Android Studio, Xcode और Flutter जैसे टूल्स का इस्तेमाल होता है. हालांकि Cursor और Cloude Code जैसे AI कोड एडिटर की वजह से आप बिना प्रोग्रामिंग लैंग्वेज जाने ट्रेडिशनल तरीके से भी ऐप बना सकते हैं.
ट्रेडिशनल ऐप डेवेलपमेंट की सबसे बड़ी खासियत ये है कि इनके जरिए बनाए गए ऐप स्केलेबल होते हैं यानी ऐप पर करोड़ों यूजर्स आ रहे हैं तो भी कोई मुश्किल नहीं होती. लेकिन आज बता करेंगे लो कोड और नो कोड की जिसे वाइब कोडिंग भी कहा जाता है.
No Code और Low Code
आइए, इस जादुई दुनिया की हर परत को खोलते हैं और समझते हैं कि कैसे आप भी एक ऐप डेवलपर बन सकते हैं. आखिर क्या है ये 'नो-कोड' की जादुई दुनिया?
कुछ लोग इसे 'Vibe Coding' जैसा नया नाम दे रहे हैं, लेकिन इंडस्ट्री में इसे नो-कोड (No-Code) और लो-कोड (Low-Code) के नाम से जाना जाता है.
नो-कोड: इसका मतलब है - 'जीरो' कोडिंग. एक भी लाइन कोड लिखे बिना, सिर्फ माउस से ड्रैग-एंड-ड्रॉप करके (तस्वीरों को खींचकर सही जगह रखने जैसा) पूरा ऐप बना लेना.
लो-कोड: इसमें 90% काम नो-कोड जैसा ही होता है, लेकिन कुछ खास फीचर्स के लिए आप छोटी-मोटी कोडिंग कर सकते हैं. हालांकि थोड़ी कोडिंग आपको AI ही सिखा देगा. इसे समझने के लिए किसी भी ऐप की बनावट को जानिए.
हर ऐप के दो मुख्य हिस्से होते हैं
फ्रंट-एंड (Front-end): यह ऐप का चेहरा है, यानी वो सब कुछ जो यूजर को अपनी मोबाइल स्क्रीन पर दिखता है. सुंदर बटन, आकर्षक तस्वीरें, मेन्यू, टेक्स्ट का स्टाइल - यह सब फ्रंट-एंड का हिस्सा है. इसका मकसद यूजर को एक शानदार एक्सपीरियंस (User Experience - UX) देना है. बेहतर, क्लीन और स्टाइलिश फ्रंट एंड रखना जरूरी है.
बैक-एंड (Backend): यह ऐप का दिमाग और उसकी आत्मा है. यह पर्दे के पीछे का वो पावरफुल इंजन है जिसे यूजर कभी नहीं देखता. जब आप Instagram पर साइन-अप करते हैं, तो आपका नाम, ईमेल, पासवर्ड इसी बैकएंड में सिक्योर स्टोर होता है. जब आप कोई फोटो अपलोड करते हैं, तो वह इसी में जाकर सेव होती है.
यह पूरी तरह से लॉजिक, डेटाबेस और सर्वर का खेल है. पहले इन दोनों को बनाने और फिर इन्हें आपस में जोड़ने के लिए इंजीनियरों की एक पूरी फौज लगती थी. लेकिन अब AI ने इस पूरे सिस्टम को ऑटोमेट कर दिया है. यानी आप खुद फ्रंट एंड को बैकएंड से कनेक्ट कर सकते हैं.
AI से ऐप बनाने की पूरी 'मास्टरक्लास'
स्टेप-बाय-स्टेप गाइड: अगर आप अपना पहला ऐप बनाने का मन बना चुके हैं, तो बस इन स्टेप्स को फॉलो करते जाइए. यहां टूल्स के नाम भी हैं जिनमे से कोई भी टूल आप यूज कर सकते हैं.
स्टेप 1: आइडिया और प्लानिंग (Idea and Planning) यह सबसे इंपॉर्टेंट स्टेप है. सिर्फ एक ऐप बनाना है ये सोचना काफी नहीं है. खुद से ये पूछें कि आ ऐप से क्या प्रॉब्लम सॉल्व करना चाहते हैं.
प्रॉब्लम: ये ऐप लोगों की कौन सी प्रॉब्लम सॉल्व करेगा? (जैसे रोहन स्ट्रीट फूड वालों को ग्राहक दिलाना चाहता था).
फीचर्स: इसमें क्या-क्या खास फंक्शन होंगे? (यूजर प्रोफाइल, मेन्यू लिस्ट, ऑनलाइन पेमेंट, रेटिंग सिस्टम, मैप्स).
कमाई का मॉडल: ऐप पैसे कैसे कमाएगा? (सब्सक्रिप्शन से, विज्ञापनों से, या हर ऑर्डर पर कमीशन से?).
इस प्लानिंग के लिए आप ChatGPT या Gemini जैसे AI की मदद ले सकते हैं. बस अपना आइडिया बताएं और वह आपको फीचर्स और कमाई के मॉडल पर सजेशन दे सकता है. आपको इसके लिए लंबे प्रॉम्प्ट लिखने होंगे.
स्टेप 2: AI से करवाएं शानदार डिजाइनिंग (UI/UX Design). अगर डिज़ाइन खराब है, तो यूजर ऐप को तुरंत डिलीट कर देगा. लेकिन अब आपको किसी महंगे UI/UX डिजाइनर की जरूरत नहीं.
ऐप डिजाइन कैसे करें: Magicpatterns, Uizard या Figma के AI प्लगइन्स का यूज क सकते हैं. इन वेबसाइट्स पर जाकर आप सिर्फ कमांड दे सकते हैं, जैसे, 'एक मॉडर्न फिटनेस ट्रैकर ऐप के लिए डैशबोर्ड स्क्रीन बनाओ जिसमें स्टेप्स, कैलोरी और हार्ट रेट दिखे'.
इंस्पायर्ड डिजाइन: अपने पसंदीदा ऐप का स्क्रीनशॉट अपलोड करके भी AI को वैसा ही डिज़ाइन बनाने को कह सकते हैं. AI आपके लिए कलर्स, बटन्स और लेआउट का पूरा खाका तैयार कर देगा.
स्टेप 3: FlutterFlow, Bubble, या Adalo जैसे नो-कोड प्लेटफॉर्म्स इन दिनों बेहतरीन रिजल्ट्स दे रहे हैं. ये प्लेटफॉर्म एक विजुअल कैनवास की तरह होते हैं. आपने AI से जो बटन, टेक्स्ट बॉक्स या इमेज बनवाई थी, उसे बस माउस से खींचकर ऐप की स्क्रीन पर रखना होता है. हर बटन के पीछे आप 'वर्कफ्लो' सेट कर सकते हैं. जैसे, 'सबमिट' बटन पर क्लिक करने पर 'यूजर का डेटा सेव करो' और 'उसे होम पेज पर भेजो'. यह सब बिना एक भी लाइन कोड लिखे होता है.
FlutterFlow मोबाइल ऐप्स (Android/iOS) के लिए बेहतरीन है, जबकि Bubble कॉम्प्लेक्स वेब ऐप्स और वेबसाइट्स के लिए एक पावरहाउस माना जाता है.
बैकएंड सेटअप कैसे करें?
स्टेप 4: ये प्रोसेस फ्रंट एंड के मुकाबले थोड़ा मुश्किल है, लेकिन आपके पास ChatGPT और Gemini जैसे सब्सक्रिप्शन है तो आसानी से कर सकते हैं. आपको खुद से सर्वर या डेटाबेस नहीं बनाना है. Firebase और Supabase के टूटोरियल्स आपकी हेल्प कर सकते हैं.
आप बैकएंड के लिए गूगल का Firebase यूज कर सकते हैं. Supabase भी एक ऑप्शन है. इन्हे 'Backend-as-a-Service' (BaaS) प्लेटफॉर्म भी कहा जाता है. यानी, ये आपको बना बनाया, पावरफुल बैकएंड किराए पर देते हैं. बेसिक ऐप और कम यूजर्स के लिए आपको सब्सक्रिप्शन लेने की जरूरत नहीं है.
यहां आपको यूजर ऑथेंटिकेशन (साइन-अप, लॉग-इन), रियलटाइम डेटाबेस (जैसे ही कोई डेटा बदलता है, ऐप में तुरंत अपडेट हो जाता है), और फाइल स्टोरेज (यूजर की प्रोफाइल फोटो या अन्य फाइलें रखने के लिए) - यह सब कुछ पहले से ही तैयार मिलता है. आपको बस अपने FlutterFlow या Bubble ऐप को कुछ ही क्लिक्स में इनसे कनेक्ट करना होता है.
स्टेप 5: ऐप तैयार होने के बाद इन्हें गूगल प्ले स्टोर या ऐपल ऐप स्टोर पर लिस्ट करना होता है. आप चाहें तो सिर्फ APK फाइल एक्सपोर्ट करके खुद के Android फोन पर टेस्ट भी कर सकते हैं.
क्या टेस्ट करें: ऐप को अलग-अलग फोन पर चलाकर देखें. क्या कोई बटन काम नहीं कर रहा? क्या ऐप धीमा चल रहा है या क्रैश हो रहा है?
जब आप पूरी तरह से सैटिस्फाई हो जाएं, तो आप इसे Google Play Store और Apple App Store पर पब्लिश कर सकते हैं. ये ऑप्शन भी आपको Flutter पर मिल जाता है.
खर्चा कितना आएगा?
ट्रेडिशनल तरीके से तुलना यह सबसे बड़ा सवाल है. ट्रेडिशनल तरीके से एक ठीक-ठाक ऐप बनवाने में 5 लाख से 25 लाख रुपये तक का खर्च आता है. वहीं, नो-कोड और AI की दुनिया में आपका खर्च काफी कम हो जाता है.
शुरुआती खर्च: ज्यादातर टूल्स का एक फ्री-टियर होता है, यानी आप बिना पैसे दिए सीखना और ऐप बनाना शुरू कर सकते हैं.
मंथली खर्च: जब आपका ऐप बड़ा होने लगे और यूजर्स आने लगें, तो आपको इन प्लेटफॉर्म्स का पेड प्लान लेना पड़ता है, जो आमतौर पर लगभग 2,000 से 12,000 रुपये प्रति माह होता है.
क्या हैं लिमिटेशन्स?
अगर आप बड़े पैमाने पर यूजर्स ऑनबोर्डिंग कराना चाहते हैं तो मुश्किल हो सकती है. इसके लिए आपको ट्रेडिशनल मेथड यूज करना पड़ सकता है और बैकएंड और फ्रंटएंड इन्जीनियर्स की जरूरत पड़ेगी. अगली कड़ी में बताएंगे कि AI यूज करते हुए ट्रेडिशनल मेथड यानी Flutter पर कैसे ऐप बना सकते हैं.
Source: AajTak
Related Posts: vibe coding, low code, no code, app development, ai app maker, free app maker, how to make free app, how to make free website, cursor, figma, lovable, magicpatterns, flutter
अमेरिका में टिकटॉक ने 3828 करोड़ रुपये का सेटलमेंट किया है. टिकटॉक ने यह समझौता एक पुराने केस में किया है, जिसमें टिकटॉक पर कई गंभीर आरोप लगे थे. अब वे केस खत्म कर दिए जाएंगे. आइये इसके बारे में डिटेल्स में जानते हैं. बच्चों की प्राइवेसी से जुड़े एक केस में टिकटॉक (TikTok) को अब 40 करोड़ अमेरिकी डॉलर (3828 करोड़ रुपये) देने होंगे. टिकटॉक ने समझौता अमेरिका के
3 days ago
चीन में रोबोट ओलंपिक से कुछ रोबोट का ट्रायल हुआ है. ट्रायल के दौरान बहुत से रोबोट में टेक्निकल खामी सामने आई और वे जमीन पर जा गिरे. कुछ रोबोट तो टीवार से टकरा गए और खराब होकर जमीन पर गिर पड़े. सोशल मीडिया पर कुछ ह्यूमनॉइड रोबोट के वीडियो वायरल हो रहे हैं, जिसमें वह रनिंग ट्रैक पर तेजी स्पीड में दौड़ते-दौड़ते एक दीवार से जा टकराए. फिर वह जमीन पर ढेर
3 days ago
सोशल मीडिया पर कंटेंट हटाने को लेकर सरकार पर सेंसरशिप के आरोप लगते रहे हैं. अब MeitY सचिव ने बताया कि सिर्फ 0.01% कंटेंट सरकार के कहने पर हटता है, जबकि 99% कंटेंट प्लेटफॉर्म खुद हटाते हैं. सोशल मीडिया पर कंटेंट हटाने को लेकर अक्सर सरकार पर सेंसरशिप और लोगों की आवाज दबाने के आरोप लते रहते हैं. अब इस मामले पर इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्रालय (MeitY) के सचिव एस.
3 days ago
SIM Card को लेकर नियम में बड़ा बदलाव होने जा रहा है, जिसके बाद कई लोग अपने लिए नया सिम कार्ड नहीं खरीद सकेंगे. दरअसल, दूरसंचार विभाग (DoT) सिम कार्ड कनेक्शन को लेकर शख्ती बरतने जा रहे हैं. पहले से निर्धारित सिम कार्ड का कोटा कंप्लीट होने पर नई सिम कार्ड नहीं मिलेगा. आइए इसके बारे में डिटेल्स में जानते हैं.SIM Card को लेकर नियम में बड़ा बदलाव होने जा रहा है, जिसके
4 days ago
स्मार्टफोन हमारी रोज की जरूरत है, लेकिन लगातार इस्तेमाल से इसमें धूल और गंदगी जमा हो जाती है. जानिए फोन की स्क्रीन, कैमरा, स्पीकर और चार्जिंग पोर्ट को सही तरीके से कैसे साफ करें. आज के समय में स्मार्टफोन हमारी जिंदगी का सबसे जरूरी हिस्सा बन गया है. फोन हमारे हाथ में लगभग पूरे दिन रहता है. हम इसे बाहर लेकर जाते हैं, खाना खाते समय इस्तेमाल करते हैं और
5 days ago
सरकार ने सिम कार्ड खरीदने के नियम में कई बदलाव किए हैं. 24 अगस्त से लागू होने की खबर है. पहले एक नाम से कई सिम खरीदे जा सकते थे, लेकिन अब कैपिंग लगा दी गई है. अगर लिमिट से ज्यादा सिम हैं तो बंद करवाना होगा. अगर आपके नाम पर पहले कई मोबाइल नंबर इश्यू हो चुके हैं तो मुश्किल हो सकती है. दरअसल केंद्र सरकार के दूरसंचार विभाग यानी DoT ने मोबाइल कनेक्शन को लेकर नई
5 days ago
189 रुपये का ये इमरजेंसी LED बल्ब बिजली कटते ही अपने आप जल जाता है। इसमें इन्वर्टर फीचर मिलता है और ये कई घंटे तक बैकअप देता है. जानिए कैसे करता है काम और कितना है इसका दाम. पावर कट के दौरान घर में अंधेरा हो जाता है, जिसकी वजह से काम रुक जाता है. इससे बचने के लिए लोग अपने फोन की फ्लैश लाइट से काम चलाते हैं. कुछ लोग बिजली की कटौती से बचने के लिए महंगे
5 days ago
सैमसंग ने अगले Unpacked Event का ऐलान कर दिया है. ये सॉफ्ट लॉन्च होगा. इस दौरान कंपनी अपने फ्लैगशिप सीरीज का फैन एडिशन लॉन्च करेगी. इस फोन के फीचर्स लीक हो रहे हैं. Samsung ने हाल ही में Galaxy Z Fold सीरीज लॉन्च की है. अब कंपनी ने एक बार फिर से Unpacked इवेंट का ऐलान कर दिया है. दरअसल Galaxy S26 फैमिली में एक नया स्मार्टफोन ऐड होने वाला है. कंपनी ने 27 अगस्त को नए Galaxy Event का ऐलान किया है. Samsung
5 days ago
दुनिया में आज 257 AI मॉडल ऐसे हैं जिन्हें डेवलपर्स खरीदकर इस्तेमाल कर सकते हैं. इनमें सिर्फ दो मॉडल भारत में बने हैं. भारत में होने वाले AI के ज्यादातर काम के लिए अमेरिकी और चीनी कंपनियों के मॉडल इस्तेमाल हो रहे हैं. अपने बैंक के चैटबॉट से पूछिए कि आपका पेमेंट फेल क्यों हुआ. किसी होमवर्क ऐप से कहिए कि वह आठवीं के छात्र को फोटोसिंथेसिस समझाए. कुछ ही
5 days ago
टेक इंडस्ट्री में AI लेकर चिंता पहले से थी. रिपोर्ट्स के मुताबिक, AI डेटा सेंटर्स की बढ़ती मांग ने RAM और स्टोरेज चिप्स की सप्लाई पर दबाव बनाया है. इसका असर स्मार्टफोन, PC और दूसरे इलेक्ट्रॉनिक डिवाइसेज की कीमतों पर पड़ रहा है. AI की दुनिया में जितना पैसा लग रहा है, उसका असर सिर्फ बड़ी टेक कंपनियों पर नहीं पड़ रहा. इसका असर अब आम लोगों की जेब तक पहुंच सकता
5 days ago
UP में FIR घर बैठे ऑनलाइन दर्ज की जा सकती है. वेबसाइट के अलावा UPCOP ऐप से भी आसानी से शिकायत कर सकते हैं. जानिए E-FIR दर्ज करने का पूरा तरीका. अगर आप उत्तर प्रदेश में रहते हैं और किसी मामले की शिकायत पुलिस तक पहुंचाना चाहते हैं, तो हर बार थाने जाने की जरूरत नहीं होती. कुछ मामलों में आप घर बैठे ऑनलाइन शिकायत या E-FIR की सर्विस का इस्तेमाल कर सकते हैं. इससे समय भी
5 days ago
लिफ्ट के साथ अधिकतर लोग एक कॉमन गलती करते हैं. जब लिफ्ट के दरवाजे बंद हो रहे थे, तो बीच में ही अंदर घुसने की कोशिश करते हैं. कुछ लोग बंद होते दोनों दरवाजों के बीच में हाथ डाल देते हैं या फिर पैर लगा देते हैं. ऐसा करने से जान तक जा सकती है. आइए इसके बारे में जानते हैं.लिफ्ट के साथ अधिकतर लोग एक कॉमन गलती करते हैं. जब लिफ्ट के दरवाजे बंद हो रहे थे, तो बीच
5 days ago
आपका डेटा कितना इंपॉर्टेंट है इस खबर को पढ़ कर समझ जाएंगे. आम तौर पर लोग भारत में लोग इसे सीरियसली नहीं लेते. गूगल ने एक एयरलाइन्स का डेटा खरीदने के लिए 95 करोड़ की बोली लगाई है. इसमें यूजर का भी डेटा शामिल है और तमाम तरह के बिहेवियर का भी डेटा होगा. एक एयरलाइन बंद हो गई. उसके विमान उड़ना बंद हो गए. कर्मचारी दूसरी नौकरियां तलाशने लगे. लेकिन कंपनी के
5 days ago
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक नए तरह का स्कैम सामने आया है, जहां विक्टिम को बड़ी ही चालाकी से शिकार बनाया जा रहा है. रेंट पर बॉयफ्रेंड या गर्लफ्रेंड जैसे मैसेज सोशल मीडिया पर सर्कुलेट हो रहे हैं, जो साइबर ठगों की एक चाल हो सकती है. इससे दूर रहना चाहिए.सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक नए तरह का स्कैम सामने आया है, जहां विक्टिम को बड़ी ही चालाकी से शिकार
5 days ago
स्मार्टफोन की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं. फेस्टिव सीजन सेल में आम तौर पर फोन सस्ते होते हैं. लेकिन इस बार मामला अलग है. चिप की शॉर्टेज से लगातार कीमतें बढ़ रही हैं. हर साल फेस्टीव सीजन आते ही स्मार्टफोन खरीदने वालों की नजर बड़ी सेल पर रहती है. लोगों को उम्मीद होती है कि दिवाली के आसपास फोन पर सबसे बड़ी छूट मिलेगी. लेकिन 2026 में कहानी थोड़ी अलग हो सकती
5 days ago
चीनी स्मार्टफोन मेकर रियलमी ने एक बार फिर से अपने स्मार्टफोन्स महंगे कर दिए हैं. लगातार कंपनियां अपने फोन की कीमतें बढ़ा रही हैं. रियलमी ने भी इसी साल इससे पहले कई बार अपने डिवाइसेज महंगे किए हैं. आइए जानते हैं नई कीमतें क्या है. Realme स्मार्टफोन खरीदने वालों के लिए एक बार फिर बुरी खबर है. कंपनी ने भारत में अपने कई फोन की कीमत बढ़ा दी है. इस बार Realme 16 Pro+,
5 days ago
Stuffcool Lumo 4 in 1 नाम का प्रोडक्ट चार्जिंग सॉल्यूशन प्रोवाइड कराता है. इसकी मदद से स्मार्टफोन, स्मार्टवॉच, इयरबड्स आदि को एक साथ चार्ज किया जा सकता है. साथ ही इस डिवाइस के अंदर LED लाइट मिलती है, जो कलर भी बदल सकती है. टच कंट्रोल की मदद से लाइट को कंट्रोल किया जा सकता है. आइए इसके बारे में डिटेल्स में जानते हैं.Stuffcool Lumo 4 in 1 नाम का प्रोडक्ट चार्जिंग सॉल्यूशन
6 days ago
नई दिल्ली में चल रहे BWF वर्ल्ड चैंपियनशिप 2026 में पीवी सिंधु ने आयरलैंड कीसोफिया नोबल के खिलाफ जीत हासिल की. इस दौरान चर्चा में उनके माथे पर लगा एक गैजेट रहा है, जिसका नाम Temple है. इसको जोमाटो फाउंडर दीपेंदर गोयल ने तैयार किया है. आइये इसके बारे में डिटेल्स में जानते हैं.नई दिल्ली में चल रहे BWF वर्ल्ड चैंपियनशिप 2026 में पीवी सिंधु ने आयरलैंड कीसोफिया
6 days ago
OpenAI ने अपने चैटबॉट को लेकर एक बड़ा ऐलान किया है, जिसमें टीनएजर्स के लिए ChatGPT को लॉन्च कर दिया है. इसके तहत यूजर्स को एक स्पेशल मोड मिलेगा, जो सिर्फ 13 साल से 17 साल की उम्र वाले यूजर्स पर लागू होगा. आइए इसके फायदे के बारे में जानते हैं. ChatGPT, असल में एक आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस चैटबॉट (AI ChatBot) है और यह आम लोगों के बीच में काफी पॉपुलर भी है. इसे टीनएजर्स से लेकर
6 days ago
YouTube का व्यूज काउंट नियम बदलने जा रहा है, जिसके लिए 24 अगस्त समय सीमा रखी है. इसको लेकर बहुत से लोगों के मन में सवाल हैं कि ये क्या है और इस बदलाव से उनपर क्या असर होगा. साथ ही कंटेंट क्रिएटर्स की कमाई पर क्या कोई असर पड़ेगा. आइये इन सभी सवालों के जवाब जानते हैं.YouTube का व्यूज काउंट नियम बदलने जा रहा है, जिसके लिए 24 अगस्त समय सीमा रखी है. इसको लेकर बहुत से
6 days ago
गूगल ने पाकिस्तान में अपने ऑफिस की शुरुआत की है, जिसका उद्घाटन पाकिस्तान प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने किया. साथ ही पाकिस्तान PM ऑफिस की तरफ से एक पोस्ट भी किया है. उन्होंने बताया है कि इस ऑफिस का मकसद देश में टेक्नोलॉजी को बढ़ावा देना है. गूगल ने पाकिस्तान में अपना पहला ऑफिस खोला है. इस दौरान पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने गूगल के
6 days ago
YouTube दुनिया का बड़ा वीडियो प्लेटफॉर्म है. कंपनी ने नया नियम लाने का ऐलान किया है. 24 अगस्त से ये नियम लागू हो जाएगा. इसके बाद वीडियो पर व्यूज काउंट बढ़ेंगे. अगर आप YouTube पर वीडियो बनाते हैं तो 24 अगस्त 2026 आपके लिए काफी अहम तारीख होने वाली है. इस दिन से यूट्यूब लंबे वीडियो, लाइव स्ट्रीम और दूसरे वीडियो फॉर्मेट के व्यू गिनने का तरीका बदलने जा रहा है. अभी तक
6 days ago
मार्केट में बजट स्मार्टफोन पहले 10 हजार रुपये के अंदर मिल जाते थे. लेकिन अब 20 हजार रुपये की कैटिगरी को बजट फोन कहा जाता है. सैमसंग ने अपने कुछ स्मार्टफोन्स की कीमतें बढ़ाई हैं. आइए जानते हैं इनके बारे में. Samsung ने भारत में अपने कुछ बजट और मिड-रेंज 5G स्मार्टफोन की कीमत बढ़ा दी है. नई कीमतें 18 अगस्त 2026 से लागू हो गई हैं, सामने आई रिवाइज्ड प्राइस लिस्ट में
6 days ago
साइबर ठगी के मास्टरमाइंड को पुलिस ने गिरफ्तार किया है, जिसका हाथ करीब 1071 करोड़ रुपये की ठगी में रहा है. पुलिस ने बताया है कि वह डिजिटल अरेस्ट या अन्य साइबर ठगी के जरिए से आने वाली कम को एक घंटे में अलग-अलग हिस्सों में बांटता फिर उसको 1754 बैंक अकाउंट में ट्रांसफर करता है. उसका कनेक्शन चीन में बैठे साइबर ठगों से था.साइबर ठगी के मास्टरमाइंड को पुलिस ने
7 days ago
Oracle पिछले कुछ महीनों से लगातार कर्मचारियों को निकाल रही है. हाल ही में कंपनी ने 20 हजार लोगों को जॉब से निकाला है. ये कंपनी एक बार फिर से सुर्खियों में है. इस बार जॉब ऑफर दे कर कैंसिल करने के लिए. आइए जानते हैं क्या है पूरा मामला. सोचिए, कॉलेज की पढ़ाई पूरी करने के बाद आपको दुनिया की सबसे बड़ी टेक कंपनियों में से एक में नौकरी मिल जाती है. जॉइनिंग की
7 days ago
Jio ने एक बार फिर से प्राइम प्लान लॉन्च किया है. प्लान से रिचार्ज करने के बाद 1 साल तक के लिए लोगों को टैरिफ हाइक से छुटकारा मिलेगा. हालांकि लोग इस प्लान को लेकर कन्फ्यूज हो रहे हैं. आइए इसे समझते हैं. Jio ने Prime Membership दोबारा लॉन्च किया है. लेकिन ये पहले के मुकाबले थोड़ा अलग है. इस प्लान के आने के बाद जियो यूजर्स के मन में कई कन्फ्जन है. क्या अब 300 रुपये देकर
7 days ago
एक स्टूडेंट ने ऐसा पोर्टल बनाने का दावा किया है जो रिश्वतखोरों के लिए सिरदर्द बन सकता है. खास तौर पर सरकारी दफ्तरों में रिश्वत मांगने वालों के लिए. इस पोर्टल पर लाइव रिश्वत रिपोर्ट की जा सकती है. रिपोर्ट करने वालों की जानकारी सीक्रेट रखने का दावा किया गया है.एक स्टूडेंट ने ऐसा पोर्टल बनाने का दावा किया है जो रिश्वतखोरों के लिए सिरदर्द बन सकता
7 days ago